Namo Cricket League: रेवाड़ी पहुंचे सीएम के राजनीतिक सलाहकार तरुण भंडारी, क्रिकेट को हां, नशे को ना के साथ युवाओं को खेलों से जोड़ने की बड़ी पहल
रेवाड़ी: हरियाणा में युवाओं को नशे की जानलेवा लत से दूर रखने और खेल के मैदान के जरिए उनकी ऊर्जा को सकारात्मक दिशा में मोड़ने के लिए एक अनूठा महा-अभियान शुरू किया गया है। इसी कड़ी में हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के राजनीतिक सलाहकार तरुण भंडारी रेवाड़ी पहुंचे। उन्होंने जिले में आयोजित हो रहे 'नमो क्रिकेट लीग' के विभिन्न मैचों में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की और युवा खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाया।
इस दौरान खेल के प्रति युवाओं का जुनून देखकर तरुण भंडारी खुद को रोक नहीं सके और उन्होंने पिच पर उतरकर खुद भी क्रिकेट खेला, जिससे खिलाड़ियों का उत्साह दोगुना हो गया। खिलाड़ियों से बातचीत करते हुए तरुण भंडारी ने कहा कि युवा पीढ़ी को सामाजिक बुराइयों और नशे के दलदल से बचाने का सबसे प्रभावी रास्ता खेल का मैदान है। उन्होंने 'नमो क्रिकेट लीग' को नशे के खिलाफ देश का अब तक का सबसे बड़ा और ऐतिहासिक खेल आयोजन करार दिया।
रेवाड़ी में 50 टीमें ले रही हैं हिस्सा, 3 मैदानों पर चल रहे हैं मुकाबले
इस महा-टूर्नामेंट के आयोजन को लेकर रेवाड़ी जिले के युवाओं में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है। स्थानीय संयोजक व भाजपा प्रदेश प्रवक्ता मुकेश कापड़ीवास की देखरेख में जिले की करीब 50 टीमें इस प्रतियोगिता में अपना दम-खम दिखा रही हैं। मैचों के सुचारू संचालन के लिए एक निजी कंपनी के ग्राउंड सहित जिले के 3 प्रमुख खेल मैदानों को चुना गया है, जहां सुबह से लेकर शाम तक रोमांचक मुकाबले खेले जा रहे हैं।
तरुण भंडारी ने बताया कि इस टेनिस बॉल क्रिकेट लीग की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि यह आयोजन केवल हरियाणा तक सीमित नहीं है, बल्कि देश के 5 प्रमुख राज्यों में एक साथ आयोजित किया जा रहा है, जिसमें हजारों जमीनी और ग्रामीण प्रतिभाएं हिस्सा ले रही हैं।
60 हजार खिलाड़ियों का वर्ल्ड रिकॉर्ड पंजीकरण और करोड़ों के इनाम
सुदेश भंडारी चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा आयोजित इस प्रतिष्ठित नमो क्रिकेट लीग ने खेल इतिहास में एक नया विश्व रिकॉर्ड बनाने की दिशा में कदम बढ़ा दिया है। इस लीग में भाग लेने के लिए देश भर से लगभग 55 हजार से 60 हजार युवा खिलाड़ियों ने अपना निशुल्क पंजीकरण कराया है। टूर्नामेंट में भाग लेने वाली सभी टीमों को सरकार और ट्रस्ट की तरफ से मुफ्त स्पोर्ट्स जर्सी और सहभागिता प्रमाण पत्र (Participation Certificate) दिए जा रहे हैं। लीग में खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए भारी-भरकम इनामी राशि का प्रावधान किया गया है:
प्रथम पुरस्कार (विजेता टीम): ₹21 लाख की नकद राशि, चमचमाती ट्रॉफी और सर्टिफिकेट।
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द्वितीय पुरस्कार (उपविजेता टीम): ₹11 लाख का नकद पुरस्कार।
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तृतीय पुरस्कार: ₹5 लाख की नकद प्रोत्साहन राशि।
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चतुर्थ पुरस्कार: ₹2.5 लाख की इनामी राशि।
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प्लेयर ऑफ द सीरीज: सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी को एक इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) गाड़ी, मोटरसाइकिल, लैपटॉप और चमचमाता मोबाइल फोन दिया जाएगा।
17 सितंबर को हुआ था भव्य आगाज, 14 OTT चैनलों पर सीधा प्रसारण
इस लीग का औपचारिक शुभारंभ 17 सितंबर को देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के पावन अवसर पर देश की राजधानी दिल्ली के इंदिरा गांधी इनडोर स्टेडियम में बेहद भव्य तरीके से किया गया था। उद्घाटन समारोह के दौरान भाजपा के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा सहित कई केंद्रीय मंत्रियों, बॉलीवुड कलाकारों, जाने-माने गायकों (जैसे कन्हैया मित्तल, मनकीरत औलख) और देश के विख्यात संत-महात्माओं ने शिरकत की थी। युवाओं और खेल प्रेमियों की सुविधा के लिए इस पूरी क्रिकेट लीग के मैचों का देश के 14 प्रमुख ओटीटी (OTT) डिजिटल चैनलों और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर सीधा प्रसारण (Live Telecast) किया जा रहा है।
पंचकूला में सजेगा महामुकाबले का मंच: जुटेंगे राष्ट्रीय दिग्गज
मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार तरुण भंडारी ने रेवाड़ी में मीडिया से बात करते हुए बताया कि लीग के शुरुआती और जोनल दौर के मुकाबलों के संपन्न होने के बाद, इसका ग्रैंड फिनाले और महामुकाबला हरियाणा के पंचकूला में आयोजित किया जाएगा। पंचकूला में होने वाले इस समापन समारोह और फाइनल मैच की गरिमा बढ़ाने के लिए खुद हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, पूर्व मुख्यमंत्री व केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर, केंद्रीय कैबिनेट के कई वरिष्ठ मंत्री और राष्ट्रीय स्तर की राजनीतिक व खेल जगत की महान हस्तियां मौजूद रहेंगी।
इस लीग के माध्यम से हरियाणा सरकार का लक्ष्य क्रिकेट के क्षेत्र में छिपी हुई ग्रामीण खेल प्रतिभाओं को खोजकर उन्हें राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर के लिए तैयार करना है, क्योंकि पारंपरिक रूप से अन्य खेलों में आगे रहने के बावजूद क्रिकेट में हरियाणा की राष्ट्रीय भागीदारी अभी भी कम है।
