Mahendragarh News: महेंद्रगढ़ नागरिक अस्पताल में SDM की औचक रेड, डॉक्टरों में हड़कंप, SDM ने कहा - लापरवाही की तो खैर नहीं
महेंद्रगढ़: हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिले के सरकारी अस्पताल में उस समय हड़कंप मच गया जब जिले के एसडीएम योगेश सैनी अचानक बिना किसी पूर्व सूचना के सीधे औचक निरीक्षण (Surprise Inspection) के लिए सिविल अस्पताल पहुंच गए। मंगलवार को की गई इस औचक कार्रवाई के दौरान एसडीएम ने अस्पताल की बुनियादी स्वास्थ्य सेवाओं, जरूरी दवाइयों की उपलब्धता, साफ-सफाई और सबसे महत्वपूर्ण - ड्यूटी से नदारद रहने वाले डॉक्टरों व पैरामेडिकल स्टाफ की मौजूदगी का जमीनी जायजा लिया।
वार्ड से लेकर लैब तक की सघन चेकिंग
एसडीएम योगेश सैनी ने अस्पताल में प्रवेश करते ही एक आम नागरिक की तरह व्यवस्थाओं को देखना शुरू किया। उन्होंने ओपीडी (OPD) काउंटर्स, गंभीर मरीजों के लिए बने इमरजेंसी रूम, विभिन्न वार्डों, सरकारी दवा वितरण केंद्र (Pharmacy) और पैथोलॉजी जांच लैब का सघन दौरा किया। निरीक्षण के दौरान कुछ जगहों पर कमियां पाए जाने पर उन्होंने मौके पर ही मौजूद चिकित्सा अधिकारियों और प्रशासनिक स्टाफ को कड़ी फटकार लगाई और तत्काल सुधार करने के निर्देश जारी किए।
जनता की सेवा में लापरवाही बर्दाश्त नहीं - एसडीएम
अस्पताल प्रबंधन के साथ एक त्वरित समीक्षा बैठक करते हुए एसडीएम योगेश सैनी ने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि आम जनता को समय पर और विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने डॉक्टरों को हिदायत दी कि दूर-दराज के गांवों से आने वाले गरीब मरीजों को बाहर की दवाइयां न लिखी जाएं और अस्पताल परिसर में ही उन्हें सभी जरूरी दवाइयां व साफ-सुथरा माहौल मिलना सुनिश्चित हो। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि भविष्य में मरीजों के इलाज या डॉक्टरों की उपस्थिति को लेकर कोई भी शिकायत मिलती है, तो संबंधित के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
24 घंटे एक्टिव मोड में रहेंगी आपातकालीन सेवाएं
एसडीएम ने अस्पताल में आने वाले तीमारदारों (मरीजों के परिजनों) की सहूलियत के लिए परिसर में पीने के साफ पानी की व्यवस्था और बैठने के लिए उचित बेंच लगवाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही, उन्होंने नागरिक अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधिकारी को आदेश दिया कि दुर्घटनाओं और आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए अस्पताल की इमरजेंसी सेवाओं और एम्बुलेंस को हर समय (24x7) पूरी तरह चालू और अलर्ट मोड पर रखा जाए ताकि किसी भी मरीज को समय पर प्राथमिक उपचार मिल सके।
