फतेहाबाद: “संदीप और सुदेश ने करीब 12 साल पहले जब प्रेम विवाह किया था तो शायद ही किसी ने सोचा होगा कि इस कहानी का अंत इतना खौफनाक होगा।” यह कहना है हरियाणा के फतेहाबाद जिले के भट्टू क्षेत्र के मेहुवाला गांव के एक बुजुर्ग का, जो आज सुबह गांव की ढाणी में हुए दिल दहला देने वाले हादसे से स्तब्ध हैं। गांव में रहने वाली 31 वर्षीय आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुदेश ने अपने दो मासूम बच्चों जिसमे 10 साल की बेटी ज्योति और 8 साल के बेटे विनीत के साथ घर के आंगन में बनी 10 फीट गहरी पानी की डिग्गी में कूदकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली।
इस आत्मघाती कदम के पीछे की जो कहानी निकलकर सामने आ रही है, वह समाज और खोखले होते रिश्तों का एक स्याह चेहरा दिखाती है। पुलिस जांच और ग्रामीणों के अनुसार, 12 साल पहले प्रेम विवाह करने के बाद सुदेश के मायके वालों ने उससे पूरी तरह मुंह मोड़ लिया था। सुदेश कभी अपने मायके नहीं गई, क्योंकि उसके परिवार को यह शादी मंजूर नहीं थी। वह अपने पति संदीप और दोनों बच्चों के साथ गांव से दूर एक ढाणी में रह रही थी। शुरुआत में सब कुछ ठीक था, बेटी ज्योति चौथी कक्षा में और बेटा विनीत तीसरी कक्षा में पढ़ने लगा था, लेकिन धीरे-धीरे संदीप को शराब की लत लग गई।
पति की इस लत ने घर के भीतर रोज-रोज के क्लेश का रूप ले लिया। आर्थिक तंगी और मानसिक तनाव के कारण सुदेश अंदर ही अंदर टूट रही थी। घटना से ठीक एक दिन पहले भी दोनों के बीच शराब और पैसों को लेकर काफी तीखी बहस हुई थी। अगले दिन, जब संदीप रेलवे स्टेशन पर मुसाफिरों को पानी पिलाने के अपने काम पर गया हुआ था तब घर के बरामदे में बने पानी के टैंक में नया पानी भरा गया था। मानसिक तनाव से जूझ रही सुदेश ने इसी पानी को अपना आखिरी सहारा बना लिया और दोनों बच्चों को साथ लेकर टैंक में छलांग लगा दी।
पड़ोसियों को जब काफी देर तक घर में कोई हलचल नहीं दिखी और उन्होंने टैंक के पास जाकर देखा, तो उनके पैर तले जमीन खिसक गई। ग्रामीणों ने मशक्कत करके तीनों को बाहर निकाला और अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों के पास सिर्फ उन्हें मृत घोषित करने का काम बचा था। भट्टू थाना प्रभारी वीर सिंह ने बताया कि पुलिस ने शवों को कब्जे में ले लिया है और मृतका के मायके पक्ष को भी सूचित कर दिया गया है।
मायके वालों के आने और उनके बयान दर्ज होने के बाद ही मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी, फिलहाल पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट और घरेलू कलह के सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर गहन तफ्तीश कर रही है।




