NZ vs SL T20 WC: कीवी 'सुनामी' में तिनके की तरह बहा श्रीलंका, सांतनेर के तूफान ने सेमीफाइनल की राह की आसान
T20 WC: न्यूजीलैंड ने श्रीलंका को 61 रनों से हराकर सेमीफाइनल की रेस में खुद को सबसे आगे कर लिया है। मिचेल सांतनेर की कप्तानी पारी और रचिन रविंद्र के 4 विकेटों की मदद से कीवी टीम ने श्रीलंका को टूर्नामेंट से बाहर का रास्ता दिखाया।
कोलंबो, आर. प्रेमदासा स्टेडियम: कहते हैं कि क्रिकेट में हार-जीत से ज्यादा अहमियत 'जुझारूपन' (Resilience) की होती है, और न्यूजीलैंड की टीम ने आज कोलंबो की टर्निंग पिच पर इसी का एक जीवंत उदाहरण पेश किया। टी20 वर्ल्ड कप के एक बेहद महत्वपूर्ण सुपर 8 मुकाबले में न्यूजीलैंड ने श्रीलंका को 61 रनों के भारी अंतर से शिकस्त देकर न केवल सेमीफाइनल की ओर मजबूती से कदम बढ़ाए हैं, बल्कि मेजबान टीम के वर्ल्ड कप अभियान पर भी पूर्णविराम लगा दिया है।
सांतनेर का 'कैल्कुलेटेड' प्रहार और रिकॉर्ड पार्टनरशिप
एक समय ऐसा लग रहा था कि श्रीलंकाई स्पिनर्स के जाल में फंसकर कीवी टीम ताश के पत्तों की तरह ढह जाएगी। महज 84 रन पर 6 विकेट गंवा चुकी न्यूजीलैंड की टीम गहरे संकट (Dire straits) में थी। लेकिन तभी कप्तान मिचेल सांतनेर (47 रन) और कोल मैकोन्की (31*) ने मोर्चा संभाला। दोनों ने सातवें विकेट के लिए 84 रनों की ऐसी आतिशी और रिकॉर्डतोड़ साझेदारी (Partnership) की, जिसने कोलंबो के दर्शकों को खामोश कर दिया। आखिरी 4 ओवरों में न्यूजीलैंड ने 70 रन कूटकर स्कोर को 168/7 तक पहुंचा दिया, जो उस पिच पर एक अभेद्य लक्ष्य जैसा था।
मैट हेनरी की घातक शुरुआत और रचिन की फिरकी
लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंकाई टीम की शुरुआत किसी बुरे सपने जैसी रही। 'अनसंग हीरो' माने जाने वाले मैट हेनरी ने अपनी पहली ही गेंद पर इन-फॉर्म सलामी बल्लेबाज पथुम निसांका को क्लीन बोल्ड (Castle) कर पवेलियन का रास्ता दिखाया। हेनरी की स्विंग और गति के सामने श्रीलंकाई बल्लेबाज पूरी तरह बेबस नजर आए।
पावरप्ले में 20 रन पर 2 विकेट गिरने के बाद श्रीलंका की पारी पूरी तरह बिखर (Unravel) गई। पिच धीमी थी और गेंद काफी ग्रिप कर रही थी, जिसका फायदा रचिन रविंद्र ने बखूबी उठाया। रचिन ने अपने करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 4 विकेट झटके और श्रीलंका की बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी। श्रीलंका की पूरी टीम निर्धारित ओवरों में केवल 107/8 रन ही बना सकी।
श्रीलंका की रणनीति पर सवाल
श्रीलंका के लिए कामिंदु मेंडिस ने सर्वाधिक 31 रन बनाए, लेकिन उनके अलावा कोई भी बल्लेबाज कीवी स्पिनर्स (Spinners) का सामना नहीं कर सका। न्यूजीलैंड ने रणनीति के तहत 17 ओवर सिर्फ स्पिन गेंदबाजों से डलवाए, जिसने श्रीलंकाई बल्लेबाजों को हाथ खोलने का कोई मौका नहीं दिया। महेश तीक्षणा (3/30) और दुष्मंथा चमीरा (3/38) की मेहनत पर बल्लेबाजों के खराब शॉट सिलेक्शन ने पानी फेर दिया।
इस जीत के साथ न्यूजीलैंड ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि आईसीसी (ICC) टूर्नामेंट्स में उन्हें 'अंडरडॉग' समझना विपक्षी टीमों की सबसे बड़ी भूल होती है।