मंगलवार, 20 अक्टूबर 2026
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फैक्ट चेक नीति

हमारी प्रतिबद्धता

विराट भारत का उद्देश्य पाठकों तक सटीक, विश्वसनीय और उपयोगी समाचार पहुंचाना है। डिजिटल दौर में सोशल मीडिया और अन्य ऑनलाइन माध्यमों पर कई बार भ्रामक, अधूरी या गलत जानकारी प्रसारित होती है। ऐसी स्थिति में तथ्यों की जांच करना पत्रकारिता की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।

विराट भारत समाचार प्रकाशित करते समय उपलब्ध तथ्यों, विश्वसनीय स्रोतों और संबंधित दस्तावेजों की जांच करने का प्रयास करता है। हमारा उद्देश्य पाठकों को सही संदर्भ के साथ जानकारी देना और गलत सूचना के प्रसार को रोकने में योगदान देना है।

किन जानकारियों की तथ्य-जांच की जाती है?

विराट भारत में प्रकाशित होने वाली खबरों और अन्य सामग्री में जरूरत के अनुसार निम्नलिखित की जांच की जा सकती है:

  1. सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे दावे, फोटो और वीडियो।
  2. सरकारी योजनाओं, आदेशों, घोषणाओं और नीतियों से संबंधित जानकारी।
  3. राजनीति, चुनाव और सार्वजनिक जीवन से जुड़े तथ्यात्मक दावे।
  4. शिक्षा, नौकरी, परीक्षा और भर्ती से संबंधित सूचनाएं।
  5. कृषि, मौसम, मंडी भाव और किसानों से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी।
  6. दुर्घटनाओं, सार्वजनिक घटनाओं और स्थानीय समाचारों से संबंधित दावे।
  7. स्वास्थ्य, तकनीक, व्यवसाय और अन्य विषयों से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य।

हर खबर के लिए अलग से फैक्ट-चेक लेख प्रकाशित करना आवश्यक नहीं है। हालांकि, खबर की प्रकृति और संवेदनशीलता के अनुसार तथ्यों की जांच की जाती है।

तथ्य-जांच की प्रक्रिया

विराट भारत तथ्यात्मक जानकारी की पुष्टि के लिए उपलब्धता और खबर की प्रकृति के अनुसार निम्नलिखित प्रक्रिया अपनाने का प्रयास करता है:

पहला चरण: दावे की पहचान

सबसे पहले उस दावे या जानकारी की पहचान की जाती है जिसकी सत्यता की जांच करना जरूरी है। वायरल सामग्री के मामले में मूल दावा और उसका संदर्भ समझा जाता है।

दूसरा चरण: मूल स्रोत की तलाश

जहां संभव हो, जानकारी के मूल स्रोत तक पहुंचने का प्रयास किया जाता है। इसके लिए सरकारी वेबसाइट, आधिकारिक आदेश, प्रेस विज्ञप्ति, सार्वजनिक दस्तावेज और संबंधित विभागों के रिकॉर्ड देखे जा सकते हैं।

तीसरा चरण: अन्य स्रोतों से पुष्टि

महत्वपूर्ण या विवादित दावों की पुष्टि के लिए स्वतंत्र और विश्वसनीय स्रोतों का सहारा लिया जा सकता है। जरूरत पड़ने पर संबंधित अधिकारी, विशेषज्ञ, संस्था या मामले से जुड़े पक्ष से संपर्क किया जा सकता है।

चौथा चरण: फोटो और वीडियो की जांच

वायरल फोटो या वीडियो की जांच करते समय उसके मूल स्रोत, तारीख, स्थान और संदर्भ की पुष्टि करने का प्रयास किया जाता है। जरूरत के अनुसार रिवर्स इमेज सर्च और अन्य उपलब्ध डिजिटल जांच विधियों का उपयोग किया जा सकता है।

पांचवां चरण: निष्कर्ष और प्रकाशन

उपलब्ध प्रमाणों के आधार पर निष्कर्ष तैयार किया जाता है। जहां पर्याप्त जानकारी उपलब्ध नहीं होती, वहां किसी दावे को बिना उचित आधार के पूरी तरह सही या गलत घोषित करने से बचा जाता है।

तथ्य-जांच के निष्कर्ष कैसे बताए जाएंगे?

यदि विराट भारत किसी दावे पर अलग से फैक्ट-चेक रिपोर्ट प्रकाशित करता है, तो उपलब्ध प्रमाणों के आधार पर निष्कर्ष को स्पष्ट भाषा में समझाने का प्रयास किया जाएगा। जरूरत के अनुसार निम्नलिखित श्रेणियों का उपयोग किया जा सकता है:

  1. सही: उपलब्ध विश्वसनीय प्रमाण दावे की पुष्टि करते हैं।
  2. गलत: उपलब्ध प्रमाण दावे का खंडन करते हैं।
  3. भ्रामक: जानकारी का कोई हिस्सा सही हो सकता है, लेकिन उसे गलत संदर्भ में प्रस्तुत किया गया है या महत्वपूर्ण तथ्य छिपाए गए हैं।
  4. अधूरा सत्य: दावा कुछ हद तक सही है, लेकिन पूरी जानकारी नहीं देता।
  5. पुष्टि नहीं हो सकी: उपलब्ध प्रमाणों के आधार पर दावे की सत्यता का पर्याप्त निर्धारण नहीं हो पाया है।

ये श्रेणियां तभी इस्तेमाल की जाएंगी, जब संबंधित सामग्री की पर्याप्त जांच की गई हो। केवल किसी अन्य वेबसाइट या सोशल मीडिया पोस्ट के आधार पर किसी दावे को सत्यापित नहीं माना जाएगा।

स्रोतों की पारदर्शिता

जहां संभव और उचित हो, फैक्ट-चेक रिपोर्ट में उपयोग किए गए महत्वपूर्ण स्रोतों, आधिकारिक दस्तावेजों और संबंधित लिंक का उल्लेख किया जाएगा, ताकि पाठक स्वयं भी जानकारी की जांच कर सकें।

गुमनाम स्रोतों की पहचान की रक्षा की जाएगी, जहां ऐसा करना पत्रकारिता के लिहाज से आवश्यक हो। हालांकि, गुमनाम स्रोतों से मिली महत्वपूर्ण जानकारी की स्वतंत्र पुष्टि करने का प्रयास किया जाएगा।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और डिजिटल टूल का उपयोग

तथ्यों की जांच में जरूरत के अनुसार डिजिटल टूल और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की सहायता ली जा सकती है। इनका उपयोग जानकारी जुटाने, सामग्री का विश्लेषण करने या संभावित विसंगतियों की पहचान करने के लिए किया जा सकता है।

AI या किसी डिजिटल टूल से प्राप्त जानकारी को अपने आप में अंतिम प्रमाण नहीं माना जाएगा। महत्वपूर्ण दावों की पुष्टि विश्वसनीय स्रोतों और उपलब्ध प्रमाणों के आधार पर करने का प्रयास किया जाएगा।

गलतियों में सुधार और अपडेट

यदि प्रकाशित खबर या फैक्ट-चेक रिपोर्ट में कोई तथ्यात्मक गलती सामने आती है, तो विराट भारत उसकी समीक्षा करेगा। गलती की पुष्टि होने पर आवश्यक सुधार किया जाएगा।

महत्वपूर्ण सुधारों के मामले में, जहां उचित हो, खबर में अपडेट की तारीख और किए गए बदलाव का उल्लेख किया जाएगा। सुधार का उद्देश्य पाठकों को सही जानकारी उपलब्ध कराना है, न कि गलती को छिपाना।

यदि किसी रिपोर्ट में पुरानी जानकारी को नई जानकारी से बदलना जरूरी हो, तो पाठकों को महत्वपूर्ण बदलावों के बारे में स्पष्ट जानकारी देने का प्रयास किया जाएगा।

पाठकों की भूमिका और शिकायत

पाठक किसी खबर, फोटो, वीडियो या फैक्ट-चेक रिपोर्ट में संभावित गलती की जानकारी विराट भारत को दे सकते हैं। शिकायत के साथ संबंधित खबर का लिंक, गलत बताए जा रहे तथ्य का विवरण और उपलब्ध प्रमाण साझा करना उपयोगी होगा।

प्राप्त शिकायत की समीक्षा उपलब्ध जानकारी के आधार पर की जाएगी। शिकायत मिलने मात्र से किसी दावे को गलत नहीं माना जाएगा और न ही बिना जांच के प्रकाशित सामग्री में बदलाव किया जाएगा।

संपर्क विवरण:

  1. ईमेल: contact@viratbharat.com
  2. WhatsApp: +91 9467019166
  3. पता: बी 72, सीएचटी कुंड, रेवाड़ी (हरियाणा) 123102 भारत

निष्पक्षता और स्वतंत्रता

विराट भारत तथ्य-जांच करते समय उपलब्ध प्रमाणों को प्राथमिकता देने का प्रयास करता है। किसी व्यक्ति, राजनीतिक दल, संस्था, संगठन या व्यावसायिक हित के पक्ष या विरोध में निष्कर्ष निकालने के बजाय तथ्यों और उनके संदर्भ के आधार पर रिपोर्ट तैयार की जाती है।

यदि किसी दावे से संबंधित अलग-अलग पक्षों के बयान उपलब्ध हों, तो खबर की प्रकृति के अनुसार उन्हें उचित संदर्भ में शामिल किया जा सकता है। किसी पक्ष का बयान अपने आप में स्वतंत्र तथ्यात्मक पुष्टि का विकल्प नहीं है।

नीति में बदलाव

पत्रकारिता की जरूरतों, डिजिटल माध्यमों और तथ्य-जांच की प्रक्रियाओं में बदलाव के अनुसार विराट भारत इस नीति में संशोधन कर सकता है। संशोधित नीति इसी पेज पर प्रकाशित की जाएगी और जरूरत के अनुसार अपडेट की तारीख बदली जाएगी।

विराट भारत का उद्देश्य: पाठकों तक तथ्यपरक, जिम्मेदार और विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना तथा गलत सूचना के प्रसार को कम करने में योगदान देना।

वेबसाइट: https://viratbharat.com