झज्जर। जिले के हजारों पेंशनभोगियों के लिए राहत भरी खबर है। अब पेंशन जारी रखने के लिए बुजुर्गों को जिला खजाना (ट्रेजरी) या उप खजाना कार्यालयों के धक्के खाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। पेंशनर अब घर बैठे अपने मोबाइल फोन से चेहरा स्कैन कर या नजदीकी डाकघर और कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के जरिए भी अपना वार्षिक जीवन प्रमाण पत्र (लाइफ सर्टिफिकेट) दर्ज करवा सकते हैं। प्रशासन ने ट्रेजरी दफ्तरों में लगने वाली भारी भीड़ और बुजुर्गों की परेशानी को देखते हुए यह बहु-वैकल्पिक व्यवस्था लागू की है।
जिला कोषाधिकारी संजय फोगाट ने बताया कि पेंशनर्स की सुविधा के लिए कई डिजिटल और ऑफलाइन विकल्प खोल दिए गए हैं, ताकि किसी भी बुजुर्ग की पेंशन समय पर रुके बिना जारी रह सके।
यह भी पढ़ें -दिवाली की शॉपिंग का नया ठिकाना: सूरजकुंड ग्राउंड में लगा मिनी भारत, बिना टिकट घूमिए और चखिए लजीज व्यंजन
मोबाइल से चेहरा स्कैन कर खुद जमा करें प्रमाण पत्र, नहीं लगेगा एक भी पैसा
प्रशासन के अनुसार, पेंशनभोगी या उनके परिवार का कोई भी सदस्य अपने स्मार्टफोन के जरिए खुद यह काम कर सकता है। इसके लिए गूगल प्ले स्टोर से दो ऐप—'Jeevan Pramaan Face App' और 'AadhaarFaceRD' डाउनलोड करने होंगे। ऐप में मांगी गई जानकारी भरने के बाद कैमरे के सामने बुजुर्ग का चेहरा स्कैन होते ही डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र सबमिट हो जाता है। मोबाइल से की जाने वाली यह पूरी प्रक्रिया एकदम निशुल्क है।
घर आएगा डाकिया, CSC और अटल सेवा केंद्रों पर भी सुविधा
जो बुजुर्ग तकनीक से वाकिफ नहीं हैं, उनके लिए डाक विभाग घर बैठे लाइफ सर्टिफिकेट बनाने की सुविधा दे रहा है। इसके लिए निर्धारित मामूली सरकारी शुल्क देकर डाकिया घर आकर बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन करेगा। इसके अलावा गांव या कस्बे के किसी भी अटल सेवा केंद्र या कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर भी यह प्रमाण पत्र तुरंत अपडेट कराया जा सकता है।
खजाना दफ्तर जाने वाले पेंशनर्स इन दस्तावेजों को न भूलें
ट्रेजरी ऑफिसर ने वरिष्ठ पेंशनभोगियों से अपील की है कि शुरुआती दिनों में कार्यालयों में अनावश्यक भीड़ करने से बचें और घर बैठे डिजिटल विकल्पों का इस्तेमाल करें। फिर भी यदि किसी पेंशनर को व्यक्तिगत रूप से ट्रेजरी ऑफिस आना पड़े, तो वे अपने साथ ये दस्तावेज अनिवार्य रूप से लेकर आएं:
- मूल आधार कार्ड (Original Card)
- पैन कार्ड और पीपीओ (PPO) की फोटोकॉपी
- पेंशन बैंक खाते से लिंक मोबाइल फोन (ताकि मौके पर OTP सत्यापन हो सके)






